Responsive Menu

Download App from

Download App

Follow us on

Donate Us

तेलंगाना में थमा मानसून, 7 राज्यों में बढ़ी गर्मी; बारिश में 64% की कमी दर्ज

मानसून
मानसून
[responsivevoice_button voice="Hindi Female"]
Author Image
Written by
Rishabh Rai

नई दिल्ली। देश में दक्षिण-पश्चिम मानसून की रफ्तार फिलहाल थम गई है। मानसून पिछले छह दिनों से तेलंगाना के भद्राचलम में अटका हुआ है, जिसके चलते छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश समेत कई राज्यों में बारिश की गतिविधियां प्रभावित हुई हैं। मानसून की धीमी चाल के कारण कई इलाकों में एक बार फिर गर्मी ने जोर पकड़ लिया है और तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया है।

वर्ल्ड मेट्रोलॉजिकल ऑर्गेनाइजेशन (डब्ल्यूएमओ) की हाइड्रोमेट्री टीम के सदस्य डॉ. पंकज कुमार के अनुसार, छत्तीसगढ़ में मानसून के पहुंचने में अभी तीन से चार दिन का समय लग सकता है, जबकि मध्य प्रदेश में इसकी एंट्री करीब एक सप्ताह बाद होने की संभावना है। हालांकि, उन्होंने उम्मीद जताई कि सप्ताह के अंत तक बारिश की गतिविधियों में सुधार देखने को मिल सकता है।

Advertisement Box

विशेषज्ञों के मुताबिक, मानसून की रफ्तार थमने की वजह समुद्र में नमी की कमी नहीं, बल्कि ऊपरी वायुमंडल में बहने वाली जेट स्ट्रीम का असामान्य पैटर्न है। इस बार जेट स्ट्रीम सामान्य स्थिति से अधिक दक्षिण की ओर खिसक गई है, जिससे मानसूनी हवाओं की प्रगति प्रभावित हो रही है। दूसरी ओर, अरब सागर से उठने वाली मानसूनी हवाएं भी 8 जून से आगे नहीं बढ़ सकी हैं, जिसके कारण देश के अंदर पहुंच चुकी हवाओं को आगे बढ़ाने के लिए आवश्यक दबाव नहीं बन पा रहा है।

15 जून की सैटेलाइट तस्वीरों में देश के बड़े हिस्से से मानसूनी बादल लगभग गायब दिखाई दिए। जबकि एक दिन पहले 14 जून को अधिकांश क्षेत्र बादलों से ढके हुए थे। मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार, 4 जून से 15 जून के बीच देश में सामान्य 53.7 मिलीमीटर बारिश के मुकाबले केवल 19.2 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई, जो सामान्य से 64 प्रतिशत कम है।

बारिश की कमी का असर तापमान पर भी साफ दिखाई दे रहा है। राजस्थान, महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़, ओडिशा, बिहार, उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के कई शहरों में पारा 40 डिग्री सेल्सियस से ऊपर दर्ज किया गया। सबसे अधिक तापमान उत्तर प्रदेश के बांदा में 43.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। इसके अलावा राजस्थान के फलोदी में 42.8 डिग्री, मध्य प्रदेश के खजुराहो में 42.6 डिग्री, ओडिशा के बौध में 42.5 डिग्री, छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव में 42 डिग्री तथा महाराष्ट्र के वर्धा और बिहार के शेखपुरा में 41.5 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया।

मौसम विभाग ने 17 और 18 जून के लिए कई राज्यों में बारिश और तेज हवाओं का पूर्वानुमान जारी किया है। 17 जून को बिहार, झारखंड, ओडिशा, पश्चिम बंगाल और सिक्किम में बारिश की संभावना है। बिहार के कुछ इलाकों में 50 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। वहीं असम, मेघालय, अरुणाचल प्रदेश, तमिलनाडु, पुडुचेरी और कर्नाटक के कुछ हिस्सों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है। राजस्थान, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और विदर्भ में भी गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवाओं की संभावना जताई गई है।

18 जून को सिक्किम, उत्तर बंगाल, असम और मेघालय में भारी बारिश हो सकती है। राजस्थान और मध्य प्रदेश में 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने के साथ बारिश की संभावना है। झारखंड, ओडिशा और पश्चिम बंगाल में भी गरज-चमक के साथ वर्षा हो सकती है, जबकि तमिलनाडु, पुडुचेरी, कर्नाटक और महाराष्ट्र के कुछ हिस्सों में बारिश का सिलसिला जारी रहने का अनुमान है।

मौसम विभाग का कहना है कि जैसे ही जेट स्ट्रीम का मौजूदा पैटर्न कमजोर होगा, मानसूनी हवाएं दोबारा गति पकड़ लेंगी। अगले चार से पांच दिनों में महाराष्ट्र, कर्नाटक, छत्तीसगढ़ और देश के अन्य हिस्सों में मानसून के आगे बढ़ने के लिए अनुकूल परिस्थितियां बनने की संभावना है।

आज का राशिफल

वोट करें

आमिर की अगली फिल्म 'सितारे जमीन पर' का ट्रेलर हाल ही में रिलीज हुआ। क्या यह फिल्म आमिर को बॉक्स ऑफिस पर सफलता दिला पाएगी?

और भी पढ़ें

WhatsApp