
नई दिल्ली। दिल्ली में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के नेतृत्व में चल रहे छात्र आंदोलन के बीच रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) की एक अधिकारी सोनिया सहरावत कथित इंस्टाग्राम स्टोरी को लेकर विवादों में आ गई हैं। संसद मार्च के बाद सोशल मीडिया पर उनकी एक कथित इंस्टाग्राम स्टोरी का स्क्रीनशॉट वायरल हुआ, जिसमें प्रदर्शनकारियों पर टिप्पणी किए जाने का दावा किया जा रहा है। हालांकि, इस पोस्ट की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है और संबंधित अधिकारी की ओर से भी इस पर कोई सार्वजनिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, सोनिया सहरावत ने अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी पर एक रील साझा की थी, जिसमें लिखा था, “खुद को तो ठीक कर नहीं सकते और देश को ठीक करना चाहते हैं।” बाद में यह स्टोरी हटा दी गई। इस स्क्रीनशॉट के वायरल होने के बाद CJP ने कड़ी आपत्ति जताते हुए आरोप लगाया कि यह टिप्पणी शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों का अपमान करती है और पुलिस कार्रवाई को उचित ठहराने की कोशिश है।
CJP ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा कि यदि प्रदर्शनकारियों को “कॉकरोच” समझा जा रहा है, तो यह लोकतांत्रिक विरोध की भावना का अपमान है। पार्टी ने इस मामले में जवाबदेही तय करने की मांग भी की।
तृणमूल कांग्रेस (TMC) सांसद महुआ मोइत्रा ने भी कथित इंस्टाग्राम स्टोरी का स्क्रीनशॉट साझा करते हुए इसकी आलोचना की। उन्होंने सोशल मीडिया पर सवाल उठाया कि क्या प्रदर्शन कर रहे छात्रों और युवाओं के प्रति इस तरह की भाषा किसी सुरक्षा अधिकारी के लिए उचित है।
इससे पहले 20 जुलाई को संसद मार्च के दौरान CJP के संस्थापक अभिजीत दीपके ने भी सोनिया सहरावत से पुलिस कार्रवाई को लेकर सवाल किए थे। उनका आरोप था कि प्रदर्शन के दौरान सुरक्षाबलों ने विशेष रूप से महिला प्रदर्शनकारियों के साथ बल प्रयोग किया। दीपके ने एक महिला प्रदर्शनकारी के आरोपों का हवाला देते हुए दावा किया था कि उसके साथ मारपीट की गई और उसके साथ दुर्व्यवहार हुआ। उन्होंने मौके पर मौजूद अधिकारी से पूछा था कि क्या महिलाओं के खिलाफ इस तरह की कार्रवाई उचित है।
फिलहाल इस पूरे विवाद पर RAF या संबंधित सरकारी एजेंसियों की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। वायरल पोस्ट की प्रामाणिकता और लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि भी अभी नहीं हो सकी है।







