
भारत की स्टार वेटलिफ्टर मीराबाई चानू ने कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में एक और ऐतिहासिक उपलब्धि अपने नाम कर ली है। उन्होंने 48 किलोग्राम भारवर्ग में स्वर्ण पदक जीतकर लगातार चौथे कॉमनवेल्थ गेम्स में मेडल हासिल करने वाली भारत की पहली महिला वेटलिफ्टरों में अपना नाम दर्ज कराया। इस शानदार जीत के साथ मीराबाई ने देश का गौरव बढ़ाया और भारतीय वेटलिफ्टिंग के इतिहास में एक नया अध्याय जोड़ दिया।
मीराबाई ने प्रतियोगिता के स्नैच राउंड में 85 किलोग्राम और क्लीन एंड जर्क राउंड में 105 किलोग्राम वजन उठाया। उन्होंने दोनों वर्गों में कॉमनवेल्थ गेम्स का नया रिकॉर्ड भी बनाया। उनके दमदार प्रदर्शन के आगे सभी प्रतिद्वंद्वी पीछे रह गए और उन्होंने एक बार फिर गोल्ड मेडल अपने नाम कर लिया।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मीराबाई चानू को इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर बधाई दी। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा कि भारतीय वेटलिफ्टिंग में एक और नया अध्याय जुड़ गया है। मीराबाई ने लगातार गोल्ड मेडल जीतकर हर भारतीय को प्रेरित किया है। प्रधानमंत्री ने उन्हें भविष्य की प्रतियोगिताओं के लिए भी शुभकामनाएं दीं।
मीराबाई का कॉमनवेल्थ गेम्स में यह चौथा पदक है। उन्होंने वर्ष 2014 में सिल्वर मेडल जीता था। इसके बाद 2018, 2022 और अब 2026 में लगातार तीन बार गोल्ड मेडल जीतकर अपनी बादशाहत कायम रखी। मणिपुर की इस स्टार खिलाड़ी ने इससे पहले टोक्यो ओलंपिक 2020 में रजत पदक जीतकर इतिहास रचा था, जबकि पेरिस ओलंपिक 2024 में वह चौथे स्थान पर रही थीं। इसके अलावा वह विश्व वेटलिफ्टिंग चैंपियनशिप में भी स्वर्ण पदक जीत चुकी हैं। मीराबाई चानू की यह सफलता भारतीय खेल जगत के लिए गर्व का विषय है और आने वाली पीढ़ियों के खिलाड़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत भी।





