
राजधानी लखनऊ के अलीगंज (पुरनिया) इलाके में हुए भीषण कोचिंग सेंटर अग्निकांड के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पूरी तरह एक्शन मोड में नजर आए। सोमवार शाम उन्होंने अपना अलीगढ़ दौरा बीच में ही रद्द कर सीधे लखनऊ पहुंचकर केजीएमयू ट्रामा सेंटर का दौरा किया और हादसे में घायल छात्रों व अन्य पीड़ितों का हालचाल जाना।
मुख्यमंत्री ने इस दर्दनाक हादसे में जान गंवाने वाले छात्र-छात्राओं और अन्य मृतकों के परिजनों के लिए राज्य सरकार की ओर से 5-5 लाख रुपये की आर्थिक सहायता की घोषणा की। वहीं, हादसे में घायल हुए लोगों को 50-50 हजार रुपये की अनुग्रह राशि देने का ऐलान किया गया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि घायलों के इलाज में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए और उन्हें बेहतर से बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाए।
केजीएमयू ट्रामा सेंटर में भर्ती घायलों और उनके परिजनों से मुलाकात के दौरान मुख्यमंत्री ने उन्हें ढांढस बंधाया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार इस कठिन समय में पीड़ित परिवारों के साथ पूरी मजबूती से खड़ी है। मुख्यमंत्री ने भरोसा दिलाया कि घटना की निष्पक्ष जांच कराई जाएगी और जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।
हादसे के बाद प्रशासनिक अमले में भी हलचल तेज हो गई है। मुख्यमंत्री ने उच्च स्तरीय जांच के निर्देश देते हुए संबंधित विभागों से विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। इस घटना ने एक बार फिर सार्वजनिक भवनों में सुरक्षा मानकों के पालन को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल सरकार की प्राथमिकता घायलों का समुचित उपचार, पीड़ित परिवारों को सहायता और घटना की निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करना है।






