
नई दिल्ली। NDA सरकार के 12 वर्ष पूरे होने के अवसर पर भारत मंडपम में आयोजित बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत के विकास रोडमैप को विस्तार से रखा। उन्होंने कहा कि पिछले एक दशक में देश ने स्वच्छ ऊर्जा, डिजिटल अर्थव्यवस्था और बुनियादी ढांचे के क्षेत्र में ऐतिहासिक प्रगति की है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि सरकार का फोकस अब ग्रीन एनर्जी सेक्टर पर और अधिक तेजी से काम करने पर है। उन्होंने 500 गीगावॉट नवीकरणीय ऊर्जा और न्यूक्लियर एनर्जी के लक्ष्यों को प्राथमिकता बताते हुए कहा कि भारत इस दिशा में तेज गति से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में देश ऊर्जा क्षेत्र में वैश्विक नेतृत्व की भूमिका निभाएगा।
मोदी ने कहा कि भारत अब सिर्फ एक उपभोक्ता देश नहीं बल्कि एक बड़ा निर्माण केंद्र बन रहा है। उन्होंने बताया कि भविष्य में “मेड इन इंडिया” जहाजों और कंटेनरों के जरिए वैश्विक व्यापार होगा। इसके साथ ही उन्होंने संकेत दिया कि देश जल्द ही “मेड इन इंडिया सिविल एयरक्राफ्ट” भी तैयार करेगा।
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत तेजी से ट्रांसपोर्ट और लॉजिस्टिक्स हब के रूप में उभर रहा है। दुनिया के बड़े और आधुनिक डेटा सेंटर देश में स्थापित हो रहे हैं, जिससे तकनीकी क्षमता और डिजिटल शक्ति को और मजबूती मिल रही है। उन्होंने कहा कि भारत अब कम समय में बड़े पैमाने पर तकनीकी विस्तार करने में सक्षम है।
उन्होंने पर्यटन और खेल क्षेत्र को भी विकास के नए इंजन के रूप में चिह्नित किया। प्रधानमंत्री ने कहा कि आने वाले वर्षों में इन क्षेत्रों में भारत की वैश्विक पहचान और मजबूत होगी।
मोदी ने “रिफॉर्म्स एक्सप्रेस” शब्द का उपयोग करते हुए कहा कि देश लगातार सुधारों की दिशा में आगे बढ़ रहा है। उन्होंने स्वच्छ भारत अभियान, डिजिटल पेमेंट और कोविड-19 प्रबंधन जैसे अभियानों में जनता की भागीदारी को सराहा। अंत में उन्होंने कहा कि विकसित भारत का लक्ष्य “सबका प्रयास” से ही संभव है और यह यात्रा निरंतर आगे बढ़ रही है।









