
नोएडा। पानी से भरे बेसमेंट में डूबकर एक इंजीनियर की मौत के मामले ने नोएडा में प्रशासनिक लापरवाही की गंभीर तस्वीर उजागर कर दी है। इस दर्दनाक हादसे के बाद नोएडा पुलिस ने संबंधित धाराओं में FIR दर्ज कर ली है, जबकि मामले में जिम्मेदार माने गए जूनियर इंजीनियर (JE) को तत्काल प्रभाव से बर्खास्त कर दिया गया है।
जानकारी के अनुसार, इंजीनियर देर रात अपनी कार से घर लौट रहे थे। घना कोहरा और अपर्याप्त रोशनी के बीच उनकी गाड़ी सड़क किनारे बने निर्माणाधीन भवन के खुले और पानी से भरे बेसमेंट में जा गिरी। बेसमेंट में भारी मात्रा में पानी भरा होने के कारण इंजीनियर बाहर नहीं निकल सके और डूबने से उनकी मौत हो गई। सुबह स्थानीय लोगों ने कार को पानी में डूबा देखा, जिसके बाद पुलिस और राहत दल को सूचना दी गई।
पुलिस जांच में सामने आया है कि निर्माण स्थल पर सुरक्षा मानकों की खुलेआम अनदेखी की गई थी। न तो चेतावनी बोर्ड लगाए गए थे और न ही बेसमेंट को ढकने या बैरिकेडिंग की उचित व्यवस्था थी। प्रारंभिक जांच के आधार पर पुलिस ने ठेकेदार, साइट प्रभारी और नगर प्राधिकरण के जिम्मेदार अधिकारियों की भूमिका की जांच शुरू कर दी है।
इस मामले में नगर प्राधिकरण ने कड़ा रुख अपनाते हुए जिम्मेदार JE को बर्खास्त कर दिया है और अन्य अधिकारियों से जवाब-तलब किया गया है। प्रशासन ने शहर में चल रहे सभी निर्माण स्थलों का सुरक्षा ऑडिट कराने के निर्देश भी दिए हैं।
हादसे के बाद मृतक के परिजनों में कोहराम मचा है। स्थानीय लोगों ने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और पीड़ित परिवार को मुआवजा देने की मांग की है। यह घटना एक बार फिर सवाल खड़ा करती है कि आखिर कब तक लापरवाही आम लोगों की जान लेती रहेगी।









