
वॉशिंगटन। अमेरिकी संसद के निचले सदन में उस समय तीखी राजनीतिक गर्मी देखने को मिली, जब एक डेमोक्रेट सांसद ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन की खुली कार में साथ बैठी तस्वीर सदन में दिखाते हुए पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प पर निशाना साधा। सांसद ने कहा कि “यह फोटो हजार शब्दों के बराबर है और साफ बताती है कि ट्रम्प की विदेश नीति किस तरह असफल रही।”
सांसद ने आरोप लगाया कि ट्रम्प प्रशासन के दौरान अमेरिका के पारंपरिक साझेदार देशों से रिश्तों में दरार आई और रूस जैसे देशों ने उसी खाली जगह का फायदा उठाया। उन्होंने कहा कि भारत- जो एशिया में अमेरिका का सबसे महत्वपूर्ण रणनीतिक मित्र माना जाता है—ने बीते वर्षों में रूस के साथ सामरिक समीकरणों को और गहरा किया, जिसका एक प्रतीक यह तस्वीर भी है।
सदन में बहस के दौरान रिपब्लिकन सांसदों ने इस आरोप का विरोध किया और कहा कि यह अंतरराष्ट्रीय कूटनीति की सामान्य प्रक्रिया है। उनके मुताबिक भारत और रूस के दशकों पुराने रिश्तों को केवल एक प्रशासन की विफलता बताना राजनीतिक नाटक है। डेमोक्रेट सांसद ने जवाब देते हुए कहा कि “अगर ट्रम्प ने विदेशी नीति को गंभीरता से लिया होता, तो आज अमेरिका को अपने साझेदारों की प्राथमिकताओं पर इतना सवाल नहीं उठाना पड़ता।”









