
तेल संकट में 74 दिन टिक सकता है भारत, पेट्रोलियम मंत्री ने राज्यसभा में दी जानकारी
नई दिल्ली। अगर वैश्विक स्तर पर तेल संकट पैदा होता है, तो भारत करीब 74 दिनों तक अपनी पेट्रोलियम जरूरतें पूरी कर सकता है। यह जानकारी पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने सोमवार (9 फरवरी 2026) को राज्यसभा में प्रश्नकाल के दौरान दी। उन्होंने बताया कि देश के पास रणनीतिक भंडार और रिफाइनरियों में मौजूद तेल को मिलाकर इतना स्टॉक उपलब्ध है।
पुरी ने कहा कि युद्ध, आपूर्ति बाधा या कीमतों में भारी उछाल जैसी परिस्थितियों से निपटने के लिए मजबूत तेल भंडार बेहद जरूरी है। भारत के पश्चिमी और पूर्वी तटों पर रिफाइनरी सिस्टम मौजूद है, जिससे आपूर्ति व्यवस्था मजबूत बनी रहती है। IEA के अनुसार भारत दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा कच्चा तेल उपभोक्ता और चौथी सबसे बड़ी शोधन क्षमता वाला देश है।
वर्तमान में भारत करीब 26 करोड़ मीट्रिक टन कच्चे तेल का सालाना शोधन करता है, जिसे 32 करोड़ मीट्रिक टन तक बढ़ाने की योजना है। मंत्री ने बताया कि ISPRL के तहत आंध्र प्रदेश और कर्नाटक में बने भंडारों की कुल क्षमता 53.3 लाख मीट्रिक टन है।








