
भारतीय क्रिकेट के लिए यह सीजन रिकॉर्ड्स के नाम रहा। ऑलराउंडर हार्दिक पांड्या पहले ऐसे भारतीय खिलाड़ी बने, जिनके नाम एक ही टूर्नामेंट/सीजन में 1000 रन और 100 विकेट दर्ज हुए। हार्दिक की इस उपलब्धि ने उन्हें आधुनिक क्रिकेट के सबसे प्रभावशाली ऑलराउंडरों की कतार में खड़ा कर दिया है। बल्ले और गेंद- दोनों से लगातार प्रदर्शन करते हुए उन्होंने टीम को कई अहम मुकाबलों में जीत दिलाई।
वहीं, शुभमन गिल ने 2025 में अपनी बल्लेबाजी से नया मानक स्थापित किया। गिल इस साल नंबर-1 बैटर बने, जिसमें उनकी निरंतरता और बड़े स्कोर की अहम भूमिका रही। तेज शुरुआत, पारी को संभालने की क्षमता और दबाव में रन बनाने की कला ने उन्हें शीर्ष स्थान तक पहुंचाया। गिल का यह फॉर्म भारतीय टीम के भविष्य के लिए बेहद सकारात्मक संकेत है।
इसके अलावा, युवा ओपनर अभिषेक शर्मा ने भी इतिहास रचा। अभिषेक ने तीसरी बार पहली ही गेंद पर छक्का लगाकर रिकॉर्ड बुक में अपना नाम दर्ज कराया। पावरप्ले में उनका आक्रामक अंदाज विपक्षी गेंदबाजों पर लगातार भारी पड़ा। उनकी इस बेखौफ बल्लेबाजी ने मैचों की दिशा शुरुआती ओवरों में ही बदल दी।
कुल मिलाकर, हार्दिक की ऑलराउंड क्षमता, गिल की क्लासिक बल्लेबाजी और अभिषेक की विस्फोटक शुरुआत- इन तीनों ने मिलकर भारतीय क्रिकेट के इस सीजन को यादगार बना दिया। रिकॉर्ड्स की यह झड़ी न सिर्फ आंकड़ों में, बल्कि टीम के आत्मविश्वास और जीत के सिलसिले में भी साफ नजर आई।








