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अमेरिका-ईरान बातचीत में नरमी के संकेत, ट्रंप प्रतिबंधों में राहत पर हो सकते हैं तैयार

अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने ट्रंप के टैरिफ को रद्द किया
अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने ट्रंप के टैरिफ को रद्द किया
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Written by
Rishabh Rai

वॉशिंगटन: अमेरिका और ईरान के बीच संभावित समझौते को लेकर बातचीत तेज होती दिख रही है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ईरान के साथ अंतिम समझौते की स्थिति में प्रतिबंधों में राहत देने और फ्रीज की गई ईरानी संपत्तियों को जारी करने पर विचार कर सकते हैं। हालांकि, इसके लिए तेहरान को अपने परमाणु कार्यक्रम के मुद्दे पर ठोस प्रगति दिखानी होगी।

सीएनएन से बातचीत में एक अमेरिकी अधिकारी ने बताया कि मध्यस्थों के जरिए अमेरिका और ईरान के बीच सकारात्मक और रचनात्मक बातचीत चल रही है। हालांकि, अमेरिका ने स्पष्ट किया है कि परमाणु मुद्दे का समाधान किए बिना किसी अंतिम समझौते पर पहुंचना संभव नहीं होगा।

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इस हफ्ते फिर बातचीत की उम्मीद

रविवार को ट्रंप ने एक्सियोस से कहा कि उन्हें इस सप्ताह ईरान के साथ फिर बातचीत होने की उम्मीद है। अमेरिकी अधिकारी के मुताबिक, विशेष दूत स्टीव विटकॉफ, जेरेड कुशनर, उपराष्ट्रपति जेडी वेंस और विदेश मंत्री मार्को रुबियो अमेरिकी पक्ष की बातचीत में प्रमुख भूमिका निभा रहे हैं।

हालांकि, ट्रंप ने शनिवार को ईरान के उस प्रस्ताव को खारिज कर दिया था, जिसमें होर्मुज स्ट्रेट को दोबारा खोलने की बात कही गई थी। ट्रंप ने इसे अमेरिका के लिए स्वीकार्य प्रस्ताव नहीं माना।

परमाणु मुद्दे पर ईरान के रुख में नरमी?

अमेरिकी अधिकारी के अनुसार, ईरान ने संकेत दिए हैं कि वह परमाणु मुद्दे पर अपने रुख में कुछ लचीलापन दिखाने को तैयार है। लेकिन दोनों पक्ष अभी इस बात पर सहमत नहीं हैं कि संभावित प्रतिबद्धताओं को कब और किस तरीके से लागू किया जाएगा।

वहीं, संयुक्त राष्ट्र में अमेरिकी राजदूत माइक वॉल्ट्ज ने सीएनएन से बातचीत में कहा कि ट्रंप ने ईरान का प्रस्ताव इसलिए खारिज किया क्योंकि अमेरिका को तेहरान की बातचीत की गंभीरता और मंशा पर भरोसा नहीं था। उन्होंने कहा कि बातचीत शुरू होने से पहले ही ईरान की ओर से सभी रियायतें मांगना अमेरिका को स्वीकार्य नहीं था।

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